*महासभा का लंबित आरक्षण पर क्रांतिकारी प्रदर्शन*
कोरबा: केंद्र व राज्य सरकार को ओबीसी महासभा कोरबा के सभी समाज प्रमुख पदाधिकारी कार्यकर्ताओं के द्वारा 30 सितंबर 2024 को मशाल रैली व नारे बाजी के साथ कलेक्टर कार्यालय मैं ज्ञापन सोपा गया, जिला अध्यक्ष नकुल कुमार, पी.एल.चौधरी, राजा यादव ने बताया कि संविधान में सामाजिक और शैक्षणिक दृष्टि से पिछड़े हुए समुदाय को अनुसूचित जाति (SC) अनुसूचित जनजाति (ST) एवं पिछड़ा वर्ग (OBC) के रूप में तीन वर्गों में वर्गीकृत किया गया|
राष्ट्रीय जनगणना में इन तीनों वर्गों के दशाओं के आंकड़े एकत्रित किए जाने चाहिए अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति वर्ग की जनगणना तो होती है किंतु ओ.बी.सी. के लिए पृथक से कोड नंबर नहीं होने के कारण अन्य पिछड़ा वर्ग की जनगणना नहीं होती है|
१) इसलिए लंबित राष्ट्रीय जनगणना के फॉर्मेट में ओबीसी के लिए कोड नंबर 03 में पृथक से कोड नंबर और सामान्य वर्ग के लिए कोड नंबर 04 निर्धारण कर जनगणना किए जाएं
२) लगातार ओबीसी समाज के लोगों के साथ हो रहे अत्याचार, भेदभाव, हत्या, मारपीट शोषण को देखते हुए सरकार एक प्रोटेक्शन बिल पारित करें।
३) छत्तीसगढ़ में लंबित 27 % ओबीसी आरक्षण के अविलंब पास कर लागू करने की मांग रखी गई.
रैली में ओबीसी समाज के अध्यक्ष ओबीसी नकुल कुमार राजवाड़े, राजा यादव, प्यारेलाल चौधरी, मनहरण यादव, गिरिजा साहू, आर.एन. श्रीवास, दयाशंकर साहू, एम एल यादव, अशोक कुमार साहू, दामोदर राजवाड़े, योगेश साहू, अशोक दास महंत, नरेश राजवाड़े, रामशंकर यादव, प्रकाश यादव, सनी यादव, के.पी. यादव, राजू यादव, संतोष यादव, त्रिवेदी राजवाड़े, रुक्मणी, ईश्वरी यादव, सोन कुंवर, वर्षा सहारे, गौरी धीवर, अंजनी देवांगन, बलराम साहू, विवेक यादव उपस्थित थे|

